सुप्रीम कोर्ट ने यूट्यूबर रणवीर इलाहबादिया को फटकार लगाई, कहा......

सुप्रीम कोर्ट ने यूट्यूबर और सोशल मीडिया स्टार रणवीर इलाहबादिया को उनके विवादित बयानों पर कड़ी फटकार लगाई है। यह मामला समय रैना के शो 'इंडियाज गॉट लेटेंट' में रणवीर ने  माता-पिता को लेकर जो भद्दे मजाक किए उससे जुड़ा है। कोर्ट ने कहा कि रणवीर के दिमाग में "गंदगी भरी है" और ऐसे व्यक्ति का केस सुनने की जरूरत नहीं है।

Feb 18, 2025 - 13:06
Feb 18, 2025 - 13:10
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सुप्रीम कोर्ट ने यूट्यूबर रणवीर इलाहबादिया को फटकार लगाई, कहा......
रनवीर इलाहाबादिया को सुप्रीम कोर्ट की फटकार

नई दिल्ली: सुप्रीम कोर्ट ने यूट्यूबर और सोशल मीडिया स्टार रणवीर इलाहबादिया को उनके विवादित बयानों पर कड़ी फटकार लगाई है। यह मामला समय रैना के शो 'इंडियाज गॉट लेटेंट' में रणवीर ने  माता-पिता को लेकर जो भद्दे मजाक किए उससे जुड़ा है। कोर्ट ने कहा कि रणवीर के दिमाग में "गंदगी भरी है" और ऐसे व्यक्ति का केस सुनने की जरूरत नहीं है।

कोर्ट की कड़ी टिप्पणी
सुप्रीम कोर्ट ने रणवीर इलाहबादिया के बयानों पर नाराजगी जताते हुए कहा, "पॉपुलर होने का मतलब ये नहीं कि आप कुछ भी बोलें। आप लोगों के माता-पिता की बेइज्जती कर रहे हैं। ऐसा लगता है कि आपके दिमाग में कुछ गंदगी है।" कोर्ट ने आगे कहा कि इस तरह की विकृत मानसिकता से पूरा समाज शर्मिंदा होता है।

रणवीर पर यात्रा प्रतिबंध
अदालत ने रणवीर को बिना अनुमति के देश छोड़ने से रोक दिया है और उन्हें अपना पासपोर्ट पुलिस थाने में जमा करने का आदेश दिया है। हालांकि, कोर्ट ने उन्हें महाराष्ट्र, असम और जयपुर में दर्ज एफआईआर के संबंध में गिरफ्तारी से अंतरिम सुरक्षा प्रदान की है। साथ ही, अदालत ने इन एफआईआर को एक साथ जोड़ने की उनकी याचिका पर नोटिस जारी किया है।

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क्या है विवाद?
यह विवाद समय रैना के शो 'इंडियाज गॉट लेटेंट' के एक एपिसोड से शुरू हुआ, जिसमें रणवीर ने एक प्रतियोगी से उसके माता-पिता की सेक्स लाइफ पर विवादित सवाल पूछे थे। इस वीडियो के वायरल होने के बाद सोशल मीडिया पर यूजर्स ने रणवीर की आलोचना की। इसके बाद असम, जयपुर और महाराष्ट्र में उनके खिलाफ कई एफआईआर दर्ज की गईं।

जांच में सहयोग का आदेश
सुप्रीम कोर्ट ने रणवीर को जांच में सहयोग करने का आदेश दिया है। साथ ही, उन्हें जांच में बाधा डालने वाले किसी भी खतरे के मामले में स्थानीय पुलिस से संपर्क करने की अनुमति दी गई है। अब यह मामला आगे की जांच के लिए लंबित है।

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Prashant Singh Journalism Student University Of Lucknow.